51 लाख से ज्यादा लोगों ने निःशुल्क ईलाज एवं स्वास्थ्य

रायपुर। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की पहल से शहरी क्षेत्र के स्लम बस्तियों में रहने वाले गरीब परिवारों को निःशुल्क उपचार की व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के माध्यम से अब तक 51 लाख 71 हजार 286 लोगों का इलाज मोबाइल मेडिकल यूनिट के चिकित्सा दल द्वारा स्लम बस्तियों में लोगों के घरों के पास ही पहुंचकर किया गया है।
योजना के तहत अब पूरे
राज्य के नगरीय क्षेत्रों के स्लम बस्तियों में चिकित्सक, पैरामेडिकल टीम, मेडिकल उपकरण एवं दवाओं से लैस 125 मोबाइल मेडिकल यूनिट पहुंचकर लोगों को स्वास्थ्य सुविधा
उपलब्ध करा रही है। इस योजना के माध्यम से अब तक 13 लाख 82 हजार 456 मरीजों की पैथालॉजी टेस्ट की जा चुकी है। साथ ही 44 लाख 42 हजार 290 से अधिक मरीजों को निःशुल्क दवाएं भी दी गई हैं।
लाभान्वित मरीजों में 2 लाख 88 हजार 247 से ज्यादा
मेहनत-मजदूरी करने वाले श्रमिकों ने भी निःशुल्क ईलाज जांच सुविधा का फायदा उठाया
हैं।
छत्तीसगढ़ शासन के
नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य
योजना के तहत अब तक राज्य के 169 नगरीय
निकायों की स्लम बस्तियों में 68 हजार 206 कैम्प लगाकर लोगों की निःशुल्क जांच व उपचार कर दवाईयां
दी गई हैं। नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया ने विभागीय
अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि नगरीय क्षेत्रों की तंग बस्तियों के एवं अन्य
जरूरत मंद लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें निशुल्क दवायें उपलब्ध कराया जाए।
गौरतलब है कि राज्य के
14 नगर निगम क्षेत्रों की स्लम बस्तियों में
रहने वाले लोगों को स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल
ने मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के प्रथम चरण की शुरूआत 01 नवम्बर 2020 को हुई थी।
इसके तहत 60 मोबाइल मेडिकल यूनिट द्वारा स्लम बस्तियों
में जाकर लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार एवं दवा वितरण की शुरूआत की गई थी। 31 मार्च 2022 को इसका
विस्तार पूरे राज्य के नगरीय निकाय क्षेत्रों में किया गया तथा 60 और नई मोबाइल मेडिकल यूनिट शुरू की गई। मुख्यमंत्री
द्वारा एक जुलाई 2023 को 5 मोबाइल मेडिकल यूनिट स्लम बस्तियों में लोगों के ईलाज के
लिए शुरू की है। शहरों में स्लम बस्तियों सहित अन्य जरूरतमंद लोगों को इलाज के लिए
और मोबाइल मेडिकल यूनिट शीघ्र ही शुरू की जाएगी।



