Kanpur के इतिहास में शामिल होगा 26 फरवरी का दिन, डिफेंस कॉरिडोर समेत मिलेंगी ये बड़ी-बड़ी सौगातें!

Kanpur : 26 फरवरी सोमवार को कानपुर शहर के विकास का शुभ मुहूर्त है। यह तारीख निजी क्षेत्र के कीर्तिमान के साथ साथ सार्वजनिक सेवाओं तथा नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के काम के लोकार्पण की गवाह बनेगी। इस दिन साढ़ क्षेत्र में डिफेंस कॉरिडोर (Defence Corridor) में अडाणी समूह (Adani Group) के आयुध कारखाने (ordnance factories) का उद्घाटन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) करेंगे, जबकि दिल्ली से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) अमृत भारत योजना (Amrit Bharat Yojana) के तहत कानपुर के दो रेलवे स्टेशनों के कायाकल्प के लिए शिलान्यास करेंगे। इसी दिन विवाह का जबरदस्त योग है। इस योग में बड़ी संख्या में नौजवानों को जीवनसाथी मिलेगा, जिसके चलते बाजार भी खुशी से झूम रहे हैं।
पहली खुशी :
गोविंदपुरी और अनवरगंज रेलवे स्टेशन का होगा कायाकल्प
यात्रियों की भीड से जूझ रहे कानपुर सेंट्रल स्टेशन (Kanpur Central Station) से भीड़ कम होगी। कुछ महीनों के इंतजार के बाद शहर के दो अन्य रेलवे स्टेशनों से एक्सप्रेस गाड़ियों के साथ-साथ वीआइपी ट्रेनों का संचालन भी शुरू होगा। इसके साथ ही दोनों स्टेशनों पर पैदल यात्री पुल के साथ-साथ तमाम अन्य सुविधाएं विकसित होंगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमृत भारत योजना के अन्तर्गत गोविंदपुरी (Govindpuri Railway Station) तथा अनवरगंज (Anwarganj Railway Station) रेलवे स्टेशनों के कायाकल्प के लिए 26 फरवरी को शिलान्यास करेंगे।
साल के अंत तक तैयार होंगे दोनों स्टेशन
डिप्टी सीटीएम आशुतोष सिंह के मुताबिक, वर्ष 2024 के अंत तक गोविंदपुरी और अनवरगंज रेलवे स्टेशन अत्याधुनिक और तमाम यात्री सुविधाओं से युक्त हो जाएगा। दोनों स्टेशनों से तमाम सुपरफास्ट ट्रेनों के साथ-साथ वीआइपी ट्रेनों का संचालन षुरू होगा। रेल मंत्रालय ने कायाकल्प के लिए गोविंदपुरी रेलवे स्टेशन की डेड लाइन सितंबर तय की है, जबकि अनवरगंज स्टेशन का काम दिसंबर तक पूर्ण किया जाना है।
बताया कि दोनों स्टेशन अमृत भारत उन्होंने योजना के अंतर्गत विकसित किया जा रहा है। दोनों स्टेशनों के पुर्ननिर्माण का शिलान्यास 26 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअल तरीके से करेंगे। कार्यक्रम को भव्य बनाने के लिए तैयारियां चल रही हैं। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा, जबकि छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया जाएगा। इस दौरान सांसद, विधायक समेत कई जनप्रतिनिधि षामिल होंगे।
इमारत, प्लेटफार्म, वेटिंग रूम नये रंग-रूप में होंगे
अनवरगंज और गोविंदपुरी स्टेशन पर जल्द ही इमारत नयी साज सज्जा के साथ दिखेगी। इसके साथ ही प्लेटफार्म, वेटिंग एरिया, टिकट विंडो के साथ-साथ वाशिंग लाइन भी बनाई जाएगी। इसके अतिरिक्त कानपुर देहात में चार आरओबी व आरयूबी और कानपुर में एक आरयूबी (भूमिगत रास्ता) का लोकार्पण किया जाएगा।
एसीएम संतोष त्रिपाठी ने बताया की शिलान्यास कार्यक्रम को लेकर तैयारियां शुरू हो गई है। एक टीम बनाई गई है। यह यह सभी कार्यों की मॉनीटरिंग करेगी। दोनों ही जगह सुबह 10.45 पर कार्यक्रम शुरू होंगे। प्रयागराज मंडल में 10 अमृत भारत स्टेशनों और 65 आरओबी व आरयूबी का शिलान्यास और लोकार्पण किया जाएगा।
गौरतलब है कि पनकी धाम स्टेशन (Panki Dham Station) का शिलान्यास पिछले वर्ष छह अगस्त को हो चुका है। वहां भी कार्य चल रहा है। फुट ओवरब्रिज और एस्कलेटर का निमार्ण कराया जाएगा। कानपुर सेंट्रल पर मेट्रो (Metro Station on Kanpur Central) का कार्य भी प्रगति पर हैं। इसके बनने से सिटी साइड का क्षेत्र बेहतर बनेगा सीटीएम के मुताबिक सिटी साइड पर मॉल जैसा निर्माण किया जाएगा, जहां कई प्रतिष्ठान आएंगे, खाने पीने की सुविधा रहेगी।
दूसरी खुशी :

उत्पादन के लिए तैयार आयुध कारखाना, मिलेंगी नौकरियां
कानपुर के डिफेंस कॉरिडोर (Kanpur Defence Corridor) में अडाणी समूह के आयुध कारखाने के उद्घाटन से पहले सेना के अफसरों और मुख्यमंत्री के सुरक्षा दस्ते ने चप्पे-चप्पे को देखकर सुरक्षा इंतजामों को जांचा। मुख्यमंत्री के प्रमुख सुरक्षा अधिकारी के साथ-साथ पुलिस कमिश्नर ने यहां पर निर्माण इकाई के साथ-साथ शूटिंग रेंज और स्टॉक गोदाम का निरीक्षण किया है।
पुलिस कमिश्नर ने पुलिस व्यापक इंतजाम करने के साथ अधिकारियो को मुस्तैद कर दिया है। 26 फरवरी को निजी क्षेत्र के आयुध कारखाने के उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ सेनाध्यक्ष मनोज पाण्डेय भी रहेंगे।
गौरतलब है कि साढ़ क्षेत्र में अडाणी ग्रुप के द्वारा डिफेस कारिडोर का निर्माण कराया जा रहा है। डिफेंस कारिडोर की पहली यूनिट लगभग बनकर तैयार है। शेष अन्य दो यूनिटों का निर्माण जोरों पर है। सोमवार से पहली यूनिट में हथियार और कारतूस का उत्पादन शुरू हो जाएगा।
इसी के साथ मार्च से यहां स्थानीय नौजवानों के लिए नौकरियों के अवसर भी खुल जाएंगे। निर्माण इकाई से कुछ दूर कारतूसों की टेस्टिंग के लिए 300 मीटर की दो शूटिंग रेंज बनकर तैयार है। हथियार और कारतूसों के निर्माण के बाद भंडारण के लिए स्टोरेज यूनिट भी हैं।
पहले छोटे हथियार, फिर बनेंगी तोप और मिसाइल
कानपुर के साढ़ क्षेत्र में इस यूनिट का नाम रखा गया है अडाणी डिफेंस एंड एयरोस्पेस। इस यूनिट में पहले चरण में पिस्तौल के साथ साथ, लाइट मशीन गन (एलएमजी) एके-47 और काबाइन की गोलियां बनेंगी।
छह माह बाद अगले चरण में गोलाबारूद के साथ-साथ आर्टिलरी गन तथा हैंड ग्रेनेड समेत सेना के जवानों के लिए अत्याधुनिक अस्त्र-शस्त्र बनाए जाएंगे। इसके साथ ही सैन्य जरुरतों के हिसाब से अन्य साजो सामान बनाए जाएंगे। सूत्रों अनुसार, मेक इन इंडिया बुलेट प्रूफ जैकेट, ड्रोन, लड़ाकू विमान, हेलीकॉप्टर व मिसाइल तक भी बनाने की योजना है।
एशिया का सबसे बड़ा एम्यूनेशन कॉम्प्लेक्स
कानपुर के साढ़ से लेकर बुंदेलखंड (Bundelkhand) तक बनाया गया यह डिफेंस कॉरिडोर बनाया गया यह डिफेंस कारिडोर एशिया का सबसे बड़ा अस्त्र-शस्त्र निर्माण क्षेत्र (Asia’s largest ammunition complex) के रूप में विकसित किया गया है। रक्षा क्षेत्र में भारत की आत्मनिर्भरता के लिए आधुनिक हथियारों के निर्माण के लिए डिफेंस कारिडोर में अडाणी समूह को 499 एकड़ जमीन आवंटित हुई है।
एशिया का सबसे बड़े एम्यूनेशन कॉम्प्लेक्स यानी अस्त्र-शस्त्र निर्माण क्षेत्र में भविष्य में टोड तोप की सीरीज निर्माण की तैयारी है। टोड तोपों का प्रयोग वियतनाम से लेकर रूस-यूक्रेन युद्ध तक में हो रहा है। पहली बार इसे मास्को में सैन्य परेड में प्रदर्शित किया गया था। डिफेंस कॉरिडोर में अन्य समूहों के लिए भी जमीन आवंटन की प्रक्रिया चल रही है, जहां रक्षा क्षेत्र से जुड़ी छोटी औद्योगिक इकाइयां स्थापित होंगी।
तीसरी खुशी :

400 नौजवानों को मिलेंगी ड्रीम गर्ल
सोमवार को विवाह का जबरदस्त मुहूर्त है। इस दिन कानपुर में 400 से ज्यादा कन्याओं के हाथ पीले होंगे। बैंड बाजे, बैंक्वेट हॉल, धर्मशाला और टेंट मुहूर्त के लिए महीनों पहले से ही होटलों, मैरिज गार्डन तथा धर्मशालाओं की बुकिंग हो चुकी है। फिलहाल विवाह की तैयारियों को अंतिम रूप देने में बराती और जनाती जुटे हैं। घोड़ी-बग्घी वालों ने दाम दुगुने कर दिये हैं।
यूं तो फरवरी में 17 विवाह मुहूर्त हैं, लेकिन 26 फरवरी लग्न सबसे ज्यादा जोरदार है। उसी दिन शहर में वीवीआईपी मूवमेंट के कारण ट्रैफिक जाम की समस्या से भी जूझना होगा। फरवरी में फेरों की रौनक को यूं समझिये कि धनतेरस के बाद अब बाजार जबरदस्त होने के कारण बैंक्वेट हॉल कम पड़ गए हैं। ऐसे में कुछ लोग पार्कों या खाली प्लॉट में टेंट लगाकर शादी कर रहे़ है।



