
सेना में अग्निवीरों की भर्ती की अग्निपथ योजना को लेकर खूब प्रचार प्रसार किया गया है, लेकिन रक्षा मंत्रालय में भी 40.97 फीसदी पद खाली पड़े हैं। इस विभाग में कुल स्वीकृत पद 6,46,042 हैं लेकिन सिर्फ 3.8 लाख पद ही भरे हुए हैं।
अमित शाह के अधीन केंद्रीय गृह मंत्रालय का हाल भी अलग नहीं है। इस विभाग में कुल 10,85,728 पद स्वीकृत हैं। लेकिन भरे हुए सिर्फ 9,42,192 पद ही हैं।
देश में रोजगार देने वाले सबसे बड़े मंत्रालय रेलवे में भी 2.94 लाख पद खाली पड़े हैं। इस विभाग में 15,14,007 पदों की स्वीकृति है। लेकिन भर्ती सिर्फ 12,20,064 पदों पर ही हुई है।
ये सब ऐसे वक्त में सामने आ रहा है जब रेलवे के निजीकरण की चर्चा आम है और विभाग में काम करने वाले कर्मचारी और नौकरी की आस लगाए युवाओं को निराशा ही हाथ लगी है।



