शाह ने कहा – मणिपुर हिंसा की वजह गलतफहमी: न्यायिक आयोग और सीबीआई करेंगे मणिपुर हिंसा की जांच; कल से सर्च ऑपरेशन

मणिपुर हिंसा की वजह गलतफहमी :गृहमंत्री अमित शाह ने गुरुवार को कहा कि मणिपुर हिंसा की वजह गलतफहमी है। उन्होंने बताया कि हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश के नेतृत्व में एक कमीशन हिंसा की जांच करेगी। सीबीआई भी हिंसा से जुड़े मामलों की जांच करेगी और कल से खोज ऑपरेशन शुरू हो जाएगा।
शाह मणिपुर में 4 दिन के दौरे पर हैं और आज वह दौरे का आखिरी दिन है। उन्होंने कहा कि हिंसा में मारे गए लोगों को 5 लाख रुपये की मदद मणिपुर सरकार और 5 लाख रुपये केंद्र सरकार देगी।
शाह ने बुधवार को इंफाल में एक राहत शिविर का दौरा किया। यहां मैतेई समुदाय के लोग निवास कर रहे हैं। उन्होंने लोगों से कहा कि मणिपुर में शांति जल्द ही बहाल होगी और जल्द ही लोगों को उनके घरों में वापस लाने की प्रयास किए जाएंगे।
शाह ने कुकी समुदाय के संगठनों के साथ भी बैठक की थी। उन्होंने अधिकारियों से कहा था कि मणिपुर की शांति सबसे महत्वपूर्ण है। शांति को बहाल करने के लिए जल्दी से जल्दी कदम उठाएं।
यहाँ, मुख्य रक्षा प्रमुख (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान ने मंगलवार को पुणे में कहा कि मणिपुर में हालात सामान्य होने में थोड़ा समय लगेगा। जनरल चौहान ने कहा- राज्य में हिंसा दो जातियों के बीच संघर्ष का परिणाम है। इसका उग्रवाद से कोई सम्बन्ध नहीं है। यह कानून-व्यवस्था का मामला है। हम राज्य सरकार की मदद कर रहे हैं।
28 मई को मुख्यमंत्री ने बताया था कि राज्य में हिंसा शुरू होने के बाद पुलिस एनकाउंटर में 40 लोगों की मौत हो गई है। मुख्यमंत्री ने उन्हें आतंकवादी घोषित किया था।
हिंसा के कारण अब तक 80 लोगों की मौत हो गई है
3 मई से मणिपुर में हिंसा चल रही है। इस दिन रविवार को इंफाल राजधानी के पास स्थित सेरौ और सुगनू इलाके में हिंसात्मक झड़प हुई थी। इस हिंसा में 1 पुलिसकर्मी और 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 12 लोग घायल हो गए हैं। राज्य में अब तक लगभग 80 लोगों की जान हानि हो गई है।



