महिला पहलवानों के मामले में दिल्ली पुलिस आज राउज एवेन्यू कोर्ट में दाखिल करेगी स्टेटस रिपोर्ट

नई दिल्ली। महिला पहलवानों के मामले में दिल्ली पुलिस आज राउज एवेन्यू कोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करेगी। महिला पहलवानों ने कोर्ट में अर्जी लगाई थी कि दिल्ली पुलिस उनके बयान कोर्ट में दर्ज नहीं करवा रही है। इसके बाद कोर्ट ने दिल्ली पुलिस से 12 मई को स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने के लिए कहा था। इस बीच बुधवार को दिल्ली पुलिस ने कोर्ट में नाबालिग लड़की का बयाना सीआरपीसी 164 के तहत दर्ज करा दिया, वो कोर्ट में भी अपने बयान पर कायम है।
हालांकि, महिला पहलवान जिस वक्त अपने साथ वारदात बताई है, उस वक्त वाकई वो बालिग थी या नाबालिग ये अभी जांच चल रही है। अब तक जांच के हिसाब से पुलिस को टेक्निकल एविडेन्स या चश्मदीद नहीं मिला है। ऐसे में इस केस में सभी सबूतों की जांच करके आगे का कदम उठाया जाएगा। वहीं, आज से दिल्ली पुलिस बाकी महिला पहलवानों के बयान भी कोर्ट में दर्ज कराएगी।
भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ एक प्राथमिकी एक अवयस्क लड़की के यौन उत्पीड़न के आरोप में, यौन अपराधों से बालकों का संरक्षण (पॉक्सो) कानून के तहत दर्ज की गई है। दूसरी प्राथमिकी शिकायतकर्ताओं के यौन उत्पीड़न के आरोप में दर्ज की गई है। भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह की गिरफ्तारी की मांग को लेकर देश के कुछ नामचीन पहलवान 23 अप्रैल से यहां जंतर मंतर पर धरना दे रहे हैं। इनमें बजरंग पूनिया, साक्षी मलिक और विनेश फोगाट शामिल हैं।
इस बीच बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे पहलवानों ने गुरुवार को बांहों और सिर पर काली पट्टी बांध कर अपना विरोध जताया। इस दौरान इस विरोध प्रदर्शन के सबसे बड़े चेहरों में एक बजरंग ने आरोप लगाया कि पहलवानों के फोन कॉल की जासूसी की जा रही है। जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन के 18वें दिन बजरंग, विनेश फोगाट, साक्षी मलिक, सत्यव्रत कादियान, जितेंद्र किन्हा के साथ मौजूद अन्य पहलवानों ने अपने सिर और बाहों पर काली पट्टी बांधी। इस मौके पर पहलवानों के समर्थक भी अपनी बाहों पर काली पट्टी बांधे हुए थे।



