
रायपुर(realtimes) प्रदेश में इस साल त्योहारी सीजन में आटोमोबाइल्स सेक्टर में खरीदारी टॉप गियर में रही। यूं तो देश भर में इस साल का त्योहारी सीजन अच्छा रहा है, लेकिन छत्तीसगढ़ में यह और ज्यादा अच्छा रहा है। जहां एक तरफ चारपहिया वाहन 41 फीसदी ज्यादा बिके हैं, वहीं दोपहिया वाहनों ने तो और रिकाॅर्ड बनाते हुए 73 फीसदी का ग्रोथ प्राप्त किया है। अक्टूबर के माह में ही दशहरा, पुष्य नक्षत्र, धनतेरस और दीपावली का त्योहार रहा है। इस माह पिछले साल की तुलना में ओवरऑल 60 फीसदी ज्यादा वाहन बिके हैं।
कोरोना काल के कारण दो साल तक हर सेक्टर प्रभावित रहा है, हालांकि पिछले साल इसका असर कम रहा, लेकिन इस साल का त्योहारी सीजन सभी सेक्टरों के लिए बड़ी राहत लेकर आया। इसी कड़ी में आटोमोबाइल्स सेक्टर में सबसे ज्यादा खरीदारों की नजरें इनायत हुईं। राजधानी रायपुर के साथ पूरे प्रदेश में गणेश चतुर्थी से लेकर दीपावली तक जमकर वाहन बिके हैं।
56 हजार दोपहिया और सात हजार कारें बिकीं
आमतौर पर त्योहारी सीजन में सबसे ज्यादा खरीदारी दोपहिया और चार पहिया वाहनों की होती है। इसी के साथ कमर्शियल वाहन भी बिकते हैं। इस साल अक्टूबर माह में ही सारे त्योहार पड़े हैं। इस माह के जो आंकड़े सामने आए हैं, उसके मुताबिक पिछले साल दोपहिया वाहन 32763 बिके थे, इस साल इसमें 72.77 फीसदी का इजाफा हुआ और ये 56605 बिके। इसी तरह के चार पहिया वाहनों में कारें इस साल 7192 बिकीं, जबकि पिछले साल यह 5115 बिकी थीं। यानी इसमें 40.61 फीसदी का इजाफा हुआ है। मोपेड पिछले साल जहां 673 बिके थे, वहीं इस साल ये 1131 बिके। इसमें 68 फीसदी का ग्रोथ रहा है।
कमर्शियल वाहन भी खूब बिके
कमर्शियल वाहन भी त्योहारी सीजन में बहुत ज्यादा बिके हैं। इसमें तो ग्रोथ 80 फीसदी तक रहा है। केरियर गुड्स वाहन इस बार 1602 बिके जिसका ग्रोथ 80 फीसदी रहा। ई-रिक्शा का चलन भी अब बढ़ गया है। ये हर माह तीन से चार सौ बिक रहे हैं लेकिन त्योहारी सीजन में इसकी बिक्री में भी इजाफा हुआ और ये 558 बिके, जहां तक पिछले साल का सवाल है तो पिछले साल ये महज 128 बिके थे। यानी इसमें तीन सौ फीसदी से ज्यादा का ग्रोथ रहा है। तिपहिया वाहन भी इस साल पिछले साल से डबल बिके। पिछले साल ये 60 बिके थे, इस साल 134 बिके। ट्रैक्टरों की बिक्री जरूर पिछले साल से इस साल आधी हुई है। पिछले साल कमर्शियल ट्रैक्टर 122 बिके थे इस साल महज 63 ही बिके। इसी तरह के कृषि कार्य में आने वाले ट्रैक्टर पिछले साल 3216 बिके थे, इस साल इससे आधे 1630 बिके।



