जानिए किस रूट पर चलने जा रही दक्षिण भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर?

बेंगलुरु से मुंबई जाने वाले यात्रियों का सफर जल्द 6 से 8 घंटे तक छोटा हो सकता है। दोनों शहरों के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन इस महीने शुरू होने की संभावना है। प्रस्तावित टाइमटेबल के मुताबिक, ट्रेन बेंगलुरु से मुंबई का सफर 16 घंटे 5 मिनट में पूरा कर सकती है। वापसी में मुंबई से बेंगलुरु पहुंचने में करीब 15 घंटे 45 मिनट लग सकते हैं। फिलहाल इस रूट पर ट्रेन से करीब 22 से 24 घंटे लगते हैं।
यह दक्षिण भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन होगी। प्रस्तावित रूट करीब 1,137 किलोमीटर लंबा है। पूरा रूट इलेक्ट्रिफाइड और डबल ट्रैक है। इसके ज्यादातर हिस्से में 130 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से ट्रेन चलाने की क्षमता है।
बेंगलुरु से मुंबई का सफर कितना होगा?
प्रस्तावित टाइमटेबल के अनुसार, ट्रेन बेंगलुरु के सर एम. विश्वेश्वरैया टर्मिनल यानी SMVT Bengaluru से शाम 7:50 बजे रवाना होगी। अगले दिन सुबह 11:55 बजे मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस यानी CSMT पहुंचने का प्रस्ताव है। इस दिशा में सफर करीब 16 घंटे 5 मिनट का होगा।
वापसी में ट्रेन CSMT से रात 8:10 बजे रवाना हो सकती है। अगले दिन सुबह 11:55 बजे बेंगलुरु पहुंचने का अनुमान है। इस दिशा में यात्रा का समय करीब 15 घंटे 45 मिनट रहेगा।
मौजूदा ट्रेनों से इसी रूट पर एक तरफ का सफर करीब 22 से 24 घंटे में पूरा होता है। ऐसे में नई स्लीपर ट्रेन से यात्रियों के करीब 6 से 8 घंटे बच सकते हैं।
इन स्टेशनों पर हो सकता है ठहराव
सूत्रों के मुताबिक, ट्रेन के रास्ते में कुछ प्रमुख स्टेशनों पर ठहराव प्रस्तावित है। इनमें अनंतपुर, गुंतकल, रायचूर, कलबुर्गी, सोलापुर, पुणे और कल्याण शामिल हैं।
ट्रेन के संभावित नंबर 27651 और 27652 बताए जा रहे हैं। हालांकि, स्टॉपेज और ट्रेन नंबर की अभी अंतिम पुष्टि नहीं हुई है। रेलवे की आधिकारिक घोषणा के बाद ही इनकी स्थिति साफ होगी।
SMVT या KSR बेंगलुरु, कहां से चलेगी ट्रेन?
प्रस्तावित योजना के मुताबिक ट्रेन SMVT Bengaluru से शुरू होगी। हालांकि, इसे KSR बेंगलुरु से चलाने की मांग भी उठी है। KSR बेंगलुरु शहर का मुख्य रेलवे स्टेशन है और इसे यात्रियों के लिए ज्यादा सुविधाजनक बताया गया है।
इस ट्रेन को शुरू करने की घोषणा पहली बार सितंबर 2025 में की गई थी। अब ट्रेन की शुरुआत की तारीख के साथ शुरुआती स्टेशन को लेकर भी रेलवे के अंतिम फैसले का इंतजार है।
16 कोच के दो रैक तैयार
इस सर्विस के लिए 16 कोच वाले दो वंदे भारत स्लीपर ट्रेनसेट तैयार किए गए हैं। इनका निर्माण भारत अर्थ मूवर्स लिमिटेड यानी BEML ने इंटीग्रल कोच फैक्टरी यानी ICF के प्रोग्राम के तहत किया है।
सूत्रों के मुताबिक, एक ट्रेनसेट बेंगलुरु कैंटोनमेंट में है। दूसरा बंगारापेट के पास वरदापुरा में रखा गया है। रेलवे बोर्ड इन दोनों रैक को दक्षिण पश्चिम रेलवे को सौंपने के संबंध में जल्द औपचारिक सूचना जारी कर सकता है।
11 कोच 3AC, 4 कोच 2AC और 1 कोच 1AC
प्रस्तावित ट्रेन में कुल 16 कोच होंगे। इनमें 11 कोच 3AC, 4 कोच 2AC और एक कोच 1AC का होगा।
3AC का एक तरफ का किराया करीब 3,000 रुपये रहने का अनुमान है। लंबी दूरी की वंदे भारत ट्रेनों में फूड विकल्प को देखते हुए इसमें नाश्ता और खाना शामिल होने की उम्मीद है। हालांकि, किराए और सुविधाओं की अंतिम जानकारी रेलवे की घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगी।
अभी किस बात का इंतजार?
ट्रेन के शुरू होने की तारीख, अंतिम टाइमटेबल, स्टॉपेज, ट्रेन नंबर और शुरुआती स्टेशन को लेकर रेलवे की अंतिम घोषणा बाकी है। इसलिए फिलहाल प्रस्तावित समय और ठहराव को अंतिम नहीं माना जा सकता।
Information Gap
बेंगलुरु-मुंबई के बीच 22-24 घंटे का रेल सफर घटकर करीब 16 घंटे हो सकता है। लेकिन असली सवाल यह है कि ट्रेन कब शुरू होगी और आखिर SMVT या KSR बेंगलुरु में से किस स्टेशन से चलेगी।


