दिग्गज नेता दरकिनार, भाजपा के परिवर्तन रथ पर होंगे साव और चंदेल सवार

रायपुर(realtimes) भाजपा के राष्ट्रीय संगठन ने एक तरह से 15 साल तक राज्य में मुख्यमंत्री रहने वाले डॉ. रमन सिंह के साथ दूसरे भी सभी बड़े दिग्गज नेताओं को दरकिनार करते हुए भाजपा की परिवर्तन यात्रा के रथ पर सवार हाेने का जिम्मा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव और नेता प्रतिपक्ष नारायण सिंह चंदेल को दे दिया है।
भाजपा विधानसभा चुनाव को लेकर 20 साल बाद 2003 की तरह परिवर्तन यात्रा निकाल रही है। इस बार दो यात्राएं निकाली जा रही हैं। एक यात्रा का आगाज 12 सितंबर को दंतेवाड़ा से होगा। इसको केंद्रीय मंत्री अमित शाह हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इस यात्रा के रथ पर भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष अरुण साव सवार रहेंगे। वे पूरी यात्रा के दौरान रथ में रहेंगे। इसी तरह से दूसरी यात्रा का 16 सितंबर को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा आगाज करेंगे। इस यात्रा के रथ पर नेता प्रतिपक्ष नारायण सिंह चंदेल सवार रहेंगे। यात्रा के दोनों रथ रायपुर और भिलाई में तैयार हो रहे हैं।
2003 में निकली थी परिवर्तन यात्रा
छत्तीसगढ़ के अलग राज्य बनने के बाद यहां पर 2000 से 2003 तक कांग्रेस की सरकार रही। इसके बाद जब पहली बार 2003 में विधानसभा के चुनाव हुए तो इस चुनाव के पहले भाजपा ने परिवर्तन यात्रा निकाली और विधानसभा में जीत प्राप्त करके सरकार बनाने का काम किया। सरकार बनने के बाद भाजपा से 2008, 13 और 18 में विकास यात्रा निकाली। पिछले चुनाव में भाजपा को हार का सामना करना पड़ा। इस समय प्रदेश में कांग्रेस की सरकार है तो एक बार फिर से भाजपा ने परिवर्तन यात्रा निकालने का फैसला किया है।
ये नेता होंगे रथ पर सवार
भाजपा का परिवर्तन यात्रा में बड़ा जिम्मा प्रदेशाध्यक्ष अरुण साव के साथ नेता प्रतिपक्ष नारायण सिंह चंदेल को दिया गया है। दंतेवाड़ा की यात्रा का जिम्मा श्री साव के पास है तो वे यात्रा के प्रारंभ होने वाले दिन 12 सितंबर से लेकर 28 सितंबर को यात्रा के बिलासपुर में समापन तक यात्रा के रथ पर सवार रहेंगे। इसी तरह से जशपुर से 16 सितंबर को निकलने वाली दूसरी यात्रा के रथ पर नारायण सिंह चंदेल सवार रहेंगे। वे भी समापन तर रथ में रहेंगे। दोनों यात्राओं में यात्रा जिस भी जिले और विधानसभा में पहुंचेेगी, वहां के स्थानीय बड़े नेता श्री साव और श्री चंदेल के साथ रथ में सवार होंगे। इस बीच जिला मुख्यालयों में प्रदेश के बड़े नेताओं के साथ राष्ट्रीय नेताओं को बुलाकर सभाएं भी होंगी।
दंतेवाड़ा की यात्रा का तीन संभागों में सफर
दंतेवाड़ा की यात्रा बिलासपुर तक के 16 दिनों के सफर में 1,728 किमी की यात्रा तय करेगी और तीन संभागों के 21 जिलों तक पहुंचेगी। यात्रा के दौरान 45 आमसभाएं, 32 स्वागत सभाएं और 5 रोड शो होंगे। यह दूसरी यात्रा 12 दिन में 2 संभागों के 14 जिलों के 39 विधानसभाओं तक पहुंचकर 1,261 किमी का सफर तय करेगी। इस दौरान 39 आमसभाएं, 53 स्वागत सभाएं और 2 रोड शो होंगे। यात्रा प्रतिदिन औसत 3 विधानसभा के दौरे पर रहेगी। इसमें हर दिन एक बड़ी सभा का आयोजन भी किया जाएगा। यात्रा के दौरान प्रतिदिन 6 स्वागत सभा, 3 छोटी सभा का आयोजन किया जाएगा।



