भूपेश के खिलाफ महादेव एप मामले में एफआईआर दर्ज

रायपुर। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के खिलाफ महादेव एप मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। इस मामले से पहले ही लोकसभा चुनावों से पहले कई समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। पूर्व सीएम बघेल के खिलाफ पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर में धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश, विश्वासघात, जालसाजी सहित विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं।
इस एफआईआर में भूपेश बघेल के साथ महादेव ऐप के प्रमोटर सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल सहित 16 अन्य लोगों का नाम शामिल है। प्रवर्तन निदेशालय द्वारा राज्य पुलिस को दो रिपोर्टों के बाद बघेल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। ईडी की रिपोर्ट में उजागर हुआ कि महादेव ऐप की अवैध गतिविधियों को राज्य सरकार के शीर्ष स्तरीय पदाधिकारियों ने अनुमति देने में संलिप्ति दिखाई गई। नवंबर में वित्तीय अपराध जांच एजेंसी ने आरोप लगाया था कि चंद्राकर और उप्पल ने बघेल को ₹508 करोड़ की रिश्वत दी थी।
वर्तमान में दोनों संयुक्त अरब अमीरात की देखरेख में हिरासत में हैं। उनके प्रत्यारोपण के लिए भारतीय विदेश मंत्रालय ने संयुक्त अरब अमीरात को अनुरोध भेजा है। इसी डायरी में अब ED के पास राम गोपाल टुटेजा की डायरी है, जिसमें सभी लेन-देन का हिसाब-किताब 18 महीने का है। ED अब इसे तबादला कर सकती है और कार्रवाई की तरफ बढ़ सकती है। भूपेश बघेल की मुश्किलें बढ़ रही हैं, और ऐसा दिखता है कि राजनीतिक संकट भी बढ़ रहा है। अनुमान है कि इसी डायरी में कई कांग्रेस नेताओं का नाम है, जैसे कि सोनिया राहुल और प्रियंका। इस डायरी का उपयोग ED के लिए अब महत्वपूर्ण हो गया है।
आर्थिक अपराधों की जांच एजेंसी के मुताबिक नवंबर में वित्तीय अपराध जांच एजेंसी ने आरोप लगाया था कि चंद्राकर और उप्पल ने बघेल को ₹508 करोड़ की रिश्वत दी थी।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के खिलाफ महादेव ऐप मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। इस मामले से पहले ही लोकसभा चुनावों से पहले कई समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। पूर्व सीएम बघेल के खिलाफ पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर में धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश, विश्वासघात, जालसाजी सहित विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं। इस एफआईआर में भूपेश बघेल के साथ महादेव ऐप के प्रमोटर सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल सहित 16 अन्य लोगों का नाम शामिल है।
प्रवर्तन निदेशालय द्वारा राज्य पुलिस को दो रिपोर्टों के बाद बघेल के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। ईडी की रिपोर्ट में उजागर हुआ कि महादेव ऐप की अवैध गतिविधियों को राज्य सरकार के शीर्ष स्तरीय पदाधिकारियों ने अनुमति देने में संलिप्ति दिखाई गई। नवंबर में वित्तीय अपराध जांच एजेंसी ने आरोप लगाया था कि चंद्राकर और उप्पल ने बघेल को ₹508 करोड़ की रिश्वत दी थी। वर्तमान में दोनों संयुक्त अरब अमीरात की देखरेख में हिरासत में हैं। उनके प्रत्यारोपण के लिए भारतीय विदेश मंत्रालय ने संयुक्त अरब अमीरात को अनुरोध भेजा है।
इसी डायरी में अब ED के पास राम गोपाल टुटेजा की डायरी है, जिसमें सभी लेन-देन का हिसाब-किताब 18 महीने का है। ED अब इसे तबादला कर सकती है और कार्रवाई की तरफ बढ़ सकती है। भूपेश बघेल की मुश्किलें बढ़ रही हैं, और ऐसा दिखता है कि राजनीतिक संकट भी बढ़ रहा है। अनुमान है कि इसी डायरी में कई कांग्रेस नेताओं का नाम है, जैसे कि सोनिया राहुल और प्रियंका। इस डायरी का उपयोग ED के लिए अब महत्वपूर्ण हो गया है।



