कोलकाता रेप-मर्डर केस: सीबीआई की जांच में कई खुलासे और छापेमारी का दौर

नई दिल्ली. कोलकाता की लेडी डॉक्टर के रेप और मर्डर केस ने एक बार फिर शहर को झकझोर कर रख दिया है। आज इस मामले में महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया, जब सीबीआई ने मुख्य आरोपी संजय रॉय का पॉलीग्राफ टेस्ट किया। प्रेसिडेंसी जेल में चार घंटे तक चली इस प्रक्रिया के बाद सीबीआई टीम ने अपनी जांच को आगे बढ़ाया। इसके साथ ही, अस्पताल में हुई इस बर्बर घटना के पीछे के कारणों की खोज के लिए भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में भी कार्रवाई की गई।
15 स्थानों पर छापेमारी: भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
सीबीआई ने आज सुबह से ही 15 स्थानों पर छापेमारी शुरू की। मुख्य आरोपी संदीप घोष और उसकी टीम के दो अन्य सदस्यों, देबाशीष सोम और संजय वशिष्ठ के घरों पर भी जांच की गई। यह कार्रवाई सुबह 6 बजे से शुरू हुई, जिसमें घोष के घर पर लगभग डेढ़ घंटे बाद दरवाजा खोला गया। मेडिकल कॉलेज के पूर्व वाइस प्रिंसिपल अख्तर अली की शिकायत के आधार पर यह छापेमारी की गई। सीबीआई की इस तेज़ कार्रवाई से यह स्पष्ट हो गया है कि मामले की जांच में कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही।
जांच में गहराई: क्या भ्रष्टाचार है हत्याकांड का कारण?
कोलकाता रेप-मर्डर केस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे मामले में गहराई आती जा रही है। सवाल यह उठता है कि क्या डॉक्टर को इस बर्बरता का शिकार इसलिए बनाया गया क्योंकि वह अस्पताल में हो रहे किसी गड़बड़ी के बारे में जानती थीं? क्या उनकी हत्या का संबंध भ्रष्टाचार से है? यह जानना जरूरी है कि बंगाल सरकार ने पहले इस मामले की जांच के लिए SIT का गठन किया था, लेकिन हाईकोर्ट के आदेश पर इसे सीबीआई को सौंप दिया गया। अब सीबीआई पूरी तत्परता से मामले की जांच में जुटी है।
संदीप घोष पर गंभीर आरोप: CBI की तेज़ कार्रवाई
सीबीआई की जांच में संदीप घोष पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। घोष को पहले भी दो बार ट्रांसफर किया गया था, लेकिन वह अपने प्रभाव का इस्तेमाल करके आरजी मेडिकल कॉलेज में ही बना रहा। SIT ने पहले ही भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं की जांच की थी, लेकिन कोर्ट के आदेश के बाद SIT को सभी सबूत और दस्तावेज CBI को सौंपने पड़े। अब सीबीआई इस मामले को अंजाम तक पहुंचाने के लिए पूरी तैयारी कर रही है।
मुख्य आरोपी संजय रॉय का पॉलीग्राफ टेस्ट: CBI के पास पुख्ता सबूत
सीबीआई ने मुख्य आरोपी संजय रॉय का पॉलीग्राफ टेस्ट करवाया। इससे पहले, इस मामले में छह अन्य लोगों का भी पॉलीग्राफ टेस्ट किया गया था। सीबीआई के पास संजय रॉय के खिलाफ कई पुख्ता सबूत हैं, जिनमें घटना स्थल के सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी सबूत शामिल हैं। इसके अलावा, उसकी बाइक भी जब्त कर ली गई है, जिससे वह घटना की रात अपने घर गया था।
कोलकाता रेप-मर्डर केस में जांच की गति और गहराई के साथ, यह साफ हो गया है कि सीबीआई इस मामले को सुलझाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी। मामले के खुलासे और भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते, इस जांच से जुड़े हर पहलू पर निगरानी रखी जा रही है। आने वाले दिनों में इस केस से जुड़े और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।



