ईरान ने फिर दागीं इजराइल पर मिसाइलें

- पास में है माइक्रोसॉफ्ट का ऑफिस
- आईडीएफ ईरान के सभी परमाणु संयंत्रों को नष्ट करने में सक्षम : नेतन्याहू
- ईरान से लाये गये सभी 94 कश्मीरी छात्र सुरक्षित कश्मीर पहुंचे
तेल अवीव। ईरान-इजराइल सैन्य संघर्ष आज आठवें दिन में प्रवेश कर गया। इजराइल के शुरू किए गए हवाई हमलों से प्रतिशोध की आग में जल रहा ईरान तबाही मचा रहा है। ईरान ने बैलिस्टिक मिसाइलें दागनी शुरू कर दी हैं। ईरान की एक मिसाइल और बीशेर्बा शहर में टेक पार्क के पास गिरी है। इसके बाद विस्फोट और आग लगने से काफी नुकसान हुआ है। यह स्थान माइक्रोसॉफ्ट के ऑफिस के पास है। द टाइम्स आॅफ इजराइल अखबार की खबर के अनुसार, ईरानी मिसाइल बीशेर्बा में गिरी है। इससे काफी नुकसान हुआ है पर किसी के घायल होने की तत्काल कोई सूचना नहीं है।
इजराइल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) ने नागरिकों से कहा कि वह बीशेर्बा में अपने आश्रय स्थल छोड़ सकते हैं। खबर के अनुसार, अभी भी बीशेर्बा शहर और आसपास के शहरों में हमले के सायरन बज रहे हैं। आईडीएफ ने कहा कि ईरानी मिसाइलों को निष्क्रिय करने के लिए डिफेंस सिस्टम काम कर रहा है। अमेरिका के सीएनएन चैनल की खबर के अनुसार, आईडीएफ ने कहा है कि बीशेर्बा में लगी आग बुझाई जा रही है। एक ईरानी मिसाइल को रोक दिया गया है। यह आग टेक पार्क के पास विस्फोट के बाद लगी है। यहां माइक्रोसॉफ्ट का ऑफिस है।
इजराइल पुलिस ने कहा कि दक्षिणी जिले के खुले इलाकों में गोला-बारूद गिरने की रिपोर्ट मिली है। इससे चल-अचल संपत्ति को नुकसान हुआ है। उल्लेखनीय है कि कल ईरानी हमले में बीशेर्बा का प्रमुख अस्पताल सोरोका मेडिकल सेंटर क्षतिग्रस्त हो चुका है। बीशेर्बा नेगेव रेगिस्तान में है। यहां इजराइल का नेवातिम एयरबेस है। ईरान की सरकारी न्यूज एजेंसी मेहर की खबर के अनुसार, संयुक्त राष्ट्र में ईरान के इस्लामी गणराज्य के मिशन ने सोरोका मेडिकल सेंटर को निशाना बनाने के इजराइल के आरोप को खारिज कर दिया है।
मिशन ने कहा कि ईरान आत्मरक्षा के लिए अंतरराष्ट्रीय कानून के अनुरूप कार्रवाई कर रहा है।इस युद्ध पर ईरान के पूर्व विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद जरीफ का कहना है कि अब इस्लामी गणतंत्र ईरान ही तय करेगा कि युद्ध का अंत कैसे होगा। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने गुरुवार को कहा कि उनका देश ईरान के सभी परमाणु संयंत्रों पर हमला करने में सक्षम है और ईरान के आधे से अधिक मिसाइल लांचर पहले ही नष्ट कर दिए गए हैं। इजरायल पब्लिक ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन के साथ एक साक्षात्कार में नेतन्याहू ने कहा कि युद्ध के सात दिन बाद इजरायली सेना ईरानी परमाणु और मिसाइल ठिकानों पर हमले में अपने तय समय से आगे थी । हालाँकि उन्होंने इजरायली हमलों की समाप्ति की कोई समय सीमा नहीं बताई। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के नेतृत्व में बदलाव या पतन इजरायल के हमलों का लक्ष्य नहीं था लेकिन इसका यह नतीजा हो सकता है।
गुरुवार को इजरायली रक्षा बलों ने एक बयान में घोषणा की कि उन्होंने समूचे ईरान में एक व्यापक हवाई अभियान शुरू किया है जिसमें पश्चिमी ईरान में निष्क्रिय अराक परमाणु रिएक्टर को निशाना बनाकर हमला करना भी शामिल है। इस बीच इजरायल के स्वास्थ्य अधिकारियों और स्थानीय मीडिया के अनुसार ईरानी मिसाइलों ने गुरुवार को भी इजरायल में एक अस्पताल और आवासीय इलाकों को निशाना बनाया जिसमें 30 से ज्यादा लोग घायल हो गए। वहीं युद्ध प्रभावित ईरान से लाये गये जम्मू-कश्मीर के सभी 94 छात्र सुरक्षित रूप से कश्मीर पहुंच गये हैं।
केन्द्र सरकार ने इजरायल -ईरान युद्व के मद्देनजर ईरान से भारत लौटने के इच्छुक भारतीय नागरिकों को वहां से स्वदेश लाने के लिए आपरेशन सिंधु चलाया है। इसके तहत 110 भारतीय छात्रों का पहला जत्था बुधवार रात दिल्ली लाया गया जिनमें जम्मू -कश्मीर के 94 छात्र शामिल थे। ये सभी छात्र उर्मिया मेडिकल यूनिवर्सिटी में पढ़ रहे थे और उन्हें आर्मेनिया और दोहा के रास्ते निकाला गया।
जम्मू- कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन(जेकेएसए) के अनुसार, कुछ छात्र गुरुवार को ही कश्मीर पहुंच गये थे, जबकि बाकी छात्र जो दिल्ली से डीलक्स बसों में रवाना हुए थे वे आज सुबह घाटी पहुंच गये। एसोसिएशन ने कहा, हम विदेश मंत्रालय और उन सभी का आभार व्यक्त करते हैं जिन्होंने छात्रों की सुरक्षित और समय पर वापसी सुनिश्चित की। यह उनके परिजनों के लिए बहुत बड़ी राहत है।



