
एडीए अधिकारियों के मुताबिक, जमीन और संपत्ति की अवैध बिक्री में कई साधु भी शामिल हैं। राम मंदिर के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद से अयोध्या में अवैध प्लाटिंग और अवैध कॉलोनियों की बाढ़ आ गई है।
अवैध प्लाटिंग और कॉलोनियों को लेकर हलचल उस समय तेज हो गई, जब बीजेपी सांसद लल्लू सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर जमीन बेचने के इस खेल की एसआईटी जांच की मांग की।
सांसद लल्लू सिंह ने पत्र में लिखा है कि अयोध्या में भूमाफिया का ऐसा दबदबा है कि पूर्व में संबंधित तात्कालिक अधिकारियों कर्मचारियों के साथ मिलकर नजूल और डूब-क्षेत्र (दरिया बुर्ज) की जमीनों में कागज में लिख कर के लोगों को गुमराह कर जमीनों की एन केन प्रकरेण उनके नाम कर दिया गया। इसमें रोजी-रोटी कमाने वाले जो व्यक्ति शहरों में रहना चाहते हैं, ऐसे लोगों के साथ उक्त जमीन को बेचकर करोड़ों अरबों रुपयों की हेराफेरी की गई है। जमथरा घाट से गोलाघाट तक की जमीनों पर भूमाफिया का व्यापार फल फूल रहा है।



