भाजपा की दिल्ली में तेंदूपत्ता पर प्रदेश भर में बड़ा आंदोलन करने की रणनीति बनी

रायपुर(realtimes) तेंदूपत्ता पर प्रदेश भर में बड़ा आंदोलन करने की छत्तीसगढ़ में नहीं बल्कि दिल्ली में बैठकर रणनीति तय की गई है। इसको लेकर दिल्ली में प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने बस्तर संभाग के नेताओं की बैठक लेकर उनको आंदोलन करने के लिए कहा है। इसको लेकर पूरी रणनीति बना ली गई है। दस मई के बाद आंदोलन किया जाएगा। आंदोलन के लिए 45 विधानसभाओं को चिन्हित किया गया है जिनमें तेंदूपत्ता की उपज होती है। इसी के साथ बस्तर में बूथ सशक्तिकरण पर भी काम करने के लिए कहा गया है। एक-एक बूथ पर काम किया जाना है।प्रदेश में इस साल विधानसभा के चुनाव होने हैं। इसलिए भाजपा का आंदोलनों पर बड़ा फोकस है। प्रधानमंत्री आवास को लेकर राजधानी रायपुर में बड़े आंदोलन की तरह ही भाजपा लगातार ऐसे ही आंदोलन करना चाहती है। इसके लिए तीन आंदोलनों की बड़ी रूपरेखा तैयार हो चुकी है। एक आंदोलन का जिम्मा भाजयुमो के पास है। भाजयुमो को बेरोजगारी भत्ता और भ्रष्टाचार पर आंदोलन करना है, दूसरा शराबबंदी पर बड़ा आंदोलन महिला मोर्चा काे करना है। तीसरा बड़ा आंदोलन तेंदूपत्ता को लेकर किया जाना है।
दिल्ली में बनी योजना
तेंदूपत्ता को लेकर भाजपा का जो आंदोलन होना है, उसका बड़ा केंद्र बिंदु बस्तर और सरगुजा होगा। यही वजह है कि बस्तर संभाग की दिल्ली में प्रदेश प्रभारी ओम माथुर ने एक दिन पहले जब रात तो बैठक ली तो इसमें तेंदूपत्ता को लेकर प्रदेश में किए जाने वाले आंदोलन को लेकर रणनीति बनाई गई है। बस्तर और सरगुजा के साथ ही रायगढ़, बलौदाबाजार सहित कई जिले हैं जहां पर तेंदूपत्ता का उत्पादन होता है। कुल मिलाकर 45 विधानसभाओं काे आंदोलन के लिए चिन्हित किया गया है। यहां पर तेंदूपत्ता खरीदी केंद्र में आंदोलन किया जाएगा।
बस्तर के बूथों को मजबूत करने पर फोकस
दिल्ली की बैठक में श्री माथुर ने बस्तर के हर बूथ को मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। यहां पर जल्द से जल्द हर बूथ में पन्ना और पेज प्रभारी बनाकर उनको मतदाताओं से वन टू वन करने का जिम्मा देना है। इसमें जिन कार्यकर्ताओं को जिम्मा दिया जाएगा, उनका काम जहां केंद्र सरकार की सभी योजनाओं से मतदाताओं को अवगत करने का रहेगा, वहीं प्रदेश की कांग्रेस सरकार की वादाखिलाफी को भी बताने का काम होगा। दिल्ली की बैठक में मुख्य रूप से बस्तर संभाग के प्रभारी संतोष पांडेय, प्रदेश महामंत्री केदार कश्यप, संतोष बाफना और अन्य नेता शामिल हुए।



